एक हेल्थ रिपोर्ट के मुताबिक 2026 में कैंसर, मोटापा और क्रॉनिक बीमारियों के इलाज में नई बायोटेक्नोलॉजी, mRNA और AI आधारित टूल्स का असर ज्यादा स्पष्ट हो सकता है। CAR-T, टार्गेटेड ड्रग्स, लिक्विड बायोप्सी और AI-डायग्नोसिस जैसे क्षेत्रों में प्रगति की चर्चा है।
स्वास्थ्य संबंधी एक कार्यक्रम में बताया गया कि कोलोनोस्कोपी जैसी स्क्रीनिंग तकनीकों के जरिए कोलोरेक्टल कैंसर के जोखिम को घटाने की कोशिश की जा रही है. समय पर जांच और जागरूकता को इस दिशा में अहम माना जा रहा है.
बिहार में स्तनपान कराने वाली महिलाओं के दूध में यूरेनियम पाए जाने की रिपोर्ट के बाद स्वास्थ्य और पर्यावरण प्रदूषण को लेकर बहस तेज हो गई है। रिपोर्ट में कहा गया कि जिन माताओं के दूध में यूरेनियम मिला, उनके बच्चों के खून में भी इसकी मौजूदगी पाई गई। शोध आईआईटी दिल्ली और बिहार के मेडिकल संस्थानों के सहयोग से बताया गया है।
डीडब्ल्यू की रिपोर्ट के मुताबिक घरेलू काम और अन्य जिम्मेदारियों का असमान बोझ महिलाओं की सेहत पर नकारात्मक असर डाल रहा है। रिपोर्ट में यह संकेत मिलता है कि आर्थिक और राजनीतिक भागीदारी की कमी, और घर-परिवार की जिम्मेदारियों का दबाव स्वास्थ्य व कल्याण को प्रभावित करता है।
डीडब्ल्यू के ‘मंथन’ कार्यक्रम के विवरण में बताया गया है कि कोलोनोस्कोपी की मदद से कोलोरेक्टल कैंसर का जोखिम घटाने की कोशिश की जा रही है। यह स्क्रीनिंग, शुरुआती पहचान और उपचार की दिशा में एक अहम कदम माना जाता है।
जम्मू-कश्मीर सेवा चयन बोर्ड (JKSSB) ने स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा विभाग में 239 पदों पर सीधी भर्ती के लिए अधिसूचना जारी की है। ऑनलाइन आवेदन 24 फरवरी 2026 से शुरू होंगे और अंतिम तारीख 25 मार्च 2026 है। चयन केवल लिखित वस्तुनिष्ठ परीक्षा के आधार पर होगा, इंटरव्यू नहीं होगा।
बुलंदशहर से आई रिपोर्ट के मुताबिक, जिले में शत-प्रतिशत टीकाकरण लक्ष्य हासिल करने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने जनवरी माह को भी ‘टीकाकरण उत्सव’ के रूप में मनाने का निर्णय लिया है। पहले दिसंबर में अभियान चला था, लेकिन लक्ष्य का करीब 62% ही पूरा हो सका। अब अधिकारियों ने प्रगति समीक्षा के साथ फील्ड स्तर पर गति बढ़ाने के निर्देश दिए हैं।
21 जनवरी 2026 की WHO रिलीज के मुताबिक कुष्ठ रोग (लेप्रोसी) का इलाज संभव है, लेकिन सामाजिक कलंक बड़ी चुनौती बना हुआ है। WHO और Novartis ने 2026-2030 के लिए साझेदारी विस्तार किया, ताकि MDT और रोकथाम से जुड़े उपायों की आपूर्ति जारी रहे।
एक रिपोर्ट के मुताबिक कुछ देशों में कम उम्र के लोगों में क्रोनिक किडनी डिजीज (CKD) के मामले बढ़ रहे हैं। इसके पीछे खराब जीवनशैली, अनियंत्रित डायबिटीज, हाई ब्लड प्रेशर, दर्द निवारक दवाओं का अधिक सेवन और एनर्जी ड्रिंक्स जैसे कारण बताए जा रहे हैं। शुरुआती लक्षणों में सूजन, थकान और पेशाब में झाग जैसी समस्याएं शामिल हो सकती हैं।
LiveMint की रिपोर्ट के मुताबिक MCA ने कंपनियों के वार्षिक फाइलिंग (FY 2024-25) की अंतिम तारीख 31 जनवरी 2026 कर दी है। पोर्टल पर टाइमआउट और अन्य तकनीकी समस्याओं की शिकायतें आने के बाद यह राहत दी गई।
मौसम विभाग के अनुसार 26–28 जनवरी के दौरान कई राज्यों में तेज हवा, गरज-चमक के साथ बारिश, शीतलहर और घने कोहरे का असर रह सकता है। लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी गई है।
जनजातीय डॉक्टरों के लिए 16-17 जनवरी को हैदराबाद में देश का पहला राष्ट्रीय क्षमता निर्माण कार्यक्रम आयोजित करने की रिपोर्ट है, जिसका उद्देश्य जनजातीय क्षेत्रों में स्वास्थ्य पहुंच को सुदृढ़ करना बताया गया।